कृष्ण चालीसा

krishna chalisa ‎दोहा॥‎बंशी शोभित कर मधुर,‎नील जलद तन श्याम ।‎अरुण अधर जनु बिम्बफल,‎नयन कमल अभिराम ‎पूर्ण इन्द्र, अरविन्द मुख,‎पीताम्बर शुभ साज ।‎जय मनमोहन मदन छवि,‎कृष्णचन्द्र महाराज ॥‎‎॥ चौपाई ॥‎जय यदुनन्दन जय जगवन्दन ।‎जय वसुदेव देवकी नन्दन ॥‎‎जय यशुदा सुत नन्द दुलारे ।‎जय प्रभु भक्तन के दृग तारे ॥‎‎जय नट-नागर नाग नथैया ।‎कृष्ण कन्हैया धेनु चरैया … Read more

aditya hridaya stotra

aditya hridaya stotra ततो युद्धपरिश्रान्तं समरे चिन्तया स्थितम्‌ । रावणं चाग्रतो दृष्ट्वा युद्धाय समुपस्थितम्‌ ॥1॥दैवतैश्च समागम्य द्रष्टुमभ्यागतो रणम्‌ । उपगम्याब्रवीद् राममगस्त्यो भगवांस्तदा ॥2॥राम राम महाबाहो श्रृणु गुह्मं सनातनम्‌ । येन सर्वानरीन्‌ वत्स समरे विजयिष्यसे ॥3॥ आदित्यहृदयं पुण्यं सर्वशत्रुविनाशनम्‌ । जयावहं जपं नित्यमक्षयं परमं शिवम्‌ ॥4॥सर्वमंगलमागल्यं सर्वपापप्रणाशनम्‌ । चिन्ताशोकप्रशमनमायुर्वर्धनमुत्तमम्‌ ॥5॥ रश्मिमन्तं समुद्यन्तं देवासुरनमस्कृतम्‌ । पुजयस्व विवस्वन्तं … Read more

shiv chalisa

shiv chalisa दोहा ॥‎जय गणेश गिरिजा सुवन,‎मंगल मूल सुजान ।‎कहत अयोध्यादास  तुम ‎‎‎॥ चौपाई ॥‎जय गिरिजा पति दीन दयाला ।‎सदा करत सन्तन प्रतिपाला ॥‎‎भाल चन्द्रमा सोहत नीके ।‎कानन कुण्डल नागफनी के ॥‎‎अंग गौर शिर गंग बहाये ।‎मुण्डमाल तन क्षार लगाए ॥‎‎वस्त्र खाल बाघम्बर सोहे ।‎छवि को देखि नाग मन मोहे ॥‎‎मैना मातु की हवे दुलारी … Read more

durga chalisa

durga chalisa नमो नमो दुर्गे सुख करनी।‎नमो नमो दुर्गे दुःख हरनी॥‎ ‎निरंकार है ज्योति तुम्हारी।‎तिहूं लोक फैली उजियारी॥‎ ‎शशि ललाट मुख महाविशाला।‎‎नेत्र लाल भृकुटि विकराला॥‎ ‎रूप मातु को अधिक सुहावे।‎दरश करत जन अति सुख पावे॥‎‎ ‎तुम संसार शक्ति लै कीना।‎पालन हेतु अन्न धन दीना॥‎ ‎अन्नपूर्णा हुई जग पाला।‎तुम ही आदि सुन्दरी बाला॥‎ ‎प्रलयकाल सब नाशन … Read more

ganpati athrabshirsa

ganpati athrabshirsa श्री गणेशाय नम:’ ॐ भद्रं कर्णेभि शृणुयाम देवा:। भद्रं पश्येमाक्षभिर्यजत्रा:।। स्थिरै रंगै स्तुष्टुवां सहस्तनुभि::। व्यशेम देवहितं यदायु:।1। ॐ स्वस्ति न इन्द्रो वृद्धश्रवा:। स्वस्ति न: पूषा विश्ववेदा:। स्वस्ति न स्तार्क्ष्र्यो अरिष्ट नेमि:।। स्वस्ति नो बृहस्पतिर्दधातु।2। ॐ शांति:। शांति:।। शांति:।।। ॐ नमस्ते गणपतये। त्वमेव प्रत्यक्षं तत्वमसि।। त्वमेव केवलं कर्त्ताऽसि। त्वमेव केवलं धर्तासि।। त्वमेव केवलं हर्ताऽसि। … Read more

राम नाम के हीरे मोती के गीत

Ram naam ke heere moti lyrics राम नाम के हीरे मोती,मैं बिखराऊँ गली गली ।कृष्ण नाम के हीरे मोती,मैं बिखराऊँ गली गली ।ले लो रे कोई राम का प्यारा,शोर मचाऊँ गली गली ।ले लो रे कोई श्याम का प्यारा,शोर मचाऊँ गली गली । माया के दीवानों सुन लो,एक दिन ऐसा आएगा ।धन दौलत और माल … Read more

Shri Ram Raksha Stotra

Shri Ram Raksha Stotra shri raam श्रीगणेशायनम: । अस्य श्रीरामरक्षास्तोत्रमन्त्रस्य । बुधकौशिक ऋषि: । श्रीसीतारामचंद्रोदेवता । अनुष्टुप् छन्द: । सीता शक्ति: । श्रीमद्‌हनुमान् कीलकम् । श्रीसीतारामचंद्रप्रीत्यर्थे जपे विनियोग: ॥ ॥ अथ ध्यानम् ॥ Shri Ram Raksha Stotra Shri Ram Raksha Stotra ध्यायेदाजानुबाहुं धृतशरधनुषं बद्धपद्‌मासनस्थं । पीतं वासोवसानं नवकमलदलस्पर्धिनेत्रं प्रसन्नम् ॥ वामाङ्‌कारूढ-सीता-मुखकमल-मिलल्लोचनं नीरदाभं । नानालङ्‌कारदीप्तं दधतमुरुजटामण्डनं … Read more

Mahishasura Mardini Stotram

Mahishasura Mardini Stotram अयि गिरिनन्दिनि नन्दितमेदिनि विश्वविनोदिनि नन्दिनुतेगिरिवरविन्ध्यशिरोऽधिनिवासिनि विष्णुविलासिनि जिष्णुनुते ।भगवति हे शितिकण्ठकुटुम्बिनि भूरिकुटुम्बिनि भूरिकृतेजय जय हे महिषासुरमर्दिनि रम्यकपर्दिनि शैलसुते ॥ १ ॥ सुरवरवर्षिणि दुर्धरधर्षिणि दुर्मुखमर्षिणि हर्षरतेत्रिभुवनपोषिणि शङ्करतोषिणि किल्बिषमोषिणि घोषरतेदनुजनिरोषिणि दितिसुतरोषिणि दुर्मदशोषिणि सिन्धुसुतेजय जय हे महिषासुरमर्दिनि रम्यकपर्दिनि शैलसुते ॥ २ ॥ अयि जगदम्ब मदम्ब कदम्ब वनप्रियवासिनि हासरतेशिखरि शिरोमणि तुङ्गहिमलय शृङ्गनिजालय मध्यगते ।मधुमधुरे मधुकैटभगञ्जिनि कैटभभञ्जिनि रासरतेजय … Read more

Om jai Jagdish Hare

ओम जय जगदीश हरे , स्वामी! Om jai Jagdish Hare जय जगदीश हरे।.भक्त जनों के संकट, क्षण में दूर करे॥ओम जय जगदीश हरे।.जो ध्यावे फल पावे, दुःख विनसे मन का।स्वामी दुःख विनसे मन का।.सुख सम्पत्ति घर आवे, कष्ट मिटे तन का॥ओम जय जगदीश हरे।. Om jai Jagdish Hare मात-पिता तुम मेरे, शरण गहूं मैं किसकी।स्वामी … Read more